मुंबई
शेयर बाजार में एक बार फिर तबाही (Stock Market Crash) का मंजर देखने को मिला है. सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार बाजार के दोनों इंडेक्स बड़ी गिरावट के साथ ओपन हुए. बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला BSE Sensex खुलते ही 800 अंक से ज्यादा टूट गया, तो वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के NSE Nifty 200 अंक से ज्यादा की गिरावट देखने को मिली है।
खास बात ये है कि बुधवार को ही देश के इतिहास का सबसे बड़ा आईपीओ यानी मुकेश अंबानी की कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ लिस्ट होने जा रहा है और उससे पहले सेंसेक्स-निफ्टी में भूचाल आया है. इस सबसे ज्यादा गिरावट आईटी सेक्टर की कंपनियों के शेयरों में देखने को मिली है. Infosys, TCS, HCL Tech, Tech Mahindra जैसे तमाम दिग्गज आईटी स्टॉक ताश के पत्तों की तरह बिखरे हुए नजर आए हैं।
Sensex-Nifty खुलते ही धड़ाम
बुधवार को शेयर बाजार में निगेटिव ग्लोबल संकेतों के बीच गिरावट के साथ रेड जोन में खुला. बीएसई का सेंसेक्स अपने पिछले कारोबारी बंद 73,598 की तुलना में ओपनिंग के साथ ही गिरकर 73,253 पर आ गया और फिर महज कुछ मिनटों में ही Sensex 826 अंक फिसलकर 72,872 के लेवल पर आ गया।
अब बात करें, एनएसई निफ्टी की, तो इसमें भी सेंसेक्स की तरह ही खुलते ही भगदड़ देखने को मिली. ये 50 शेयरों वाला इंडेक्स अपने पिछले बंद 22,749 की तुलना में गिरावट लेकर पहले 22,678 पर खुला और फिर Sensex के कदम से कदम मिलाकर चलते हुए बिखरता चला गया. खबर लिखे जाने तक ये 22,540 के लेवल पर कारोबार कर रहा था।
IT शेयरों में भारी गिरावट
Share Market Crash में सबसे बड़ा रोल आईटी कंपनियों के शेयर निभाते हुए नजर आए हैं. शुरुआती कारोबार के दौरान ही IT Stock Crash हो गए. Infosys Share (4.50%), Tech Mahindra Share (3.50%), TCS Share (3%), HCL Tech Share (2.50%) बड़ी गिरावट लेकर कारोबार कर रहे थे. तो वहीं लार्जकैप में शामिल अन्य शेयरों में ITC Share (2.20%), Bjajaj Finserv Share (2%), ICICI Bank Share (1.70%) की गिरावट में था।
आखिर क्रैश क्यों हुआ शेयर बाजार?
शेयर बाजार में बुधवार को आए क्रैश के पीछे के बड़े कारणों की बात करें, तो इसके पीछे सबसे ऊपर कच्चे तेल की कीमतों में अचानक फिर से आए उछाल को भी एक बड़ी वजह माना जा सकता है. दरअसल, मंगलवार को फिसले Brent Crude Oil की कीमत में एक बार फिर तेजी आई है और ये 115 डॉलर प्रति बैरल के पार निकल गया है, जिसने महंगाई की चिंता बढ़ा दी है और बाजार का सेंटीमेंट खराब कर दिया है. इसके अलावा IT स्टॉक्स पर दबाव से बाजार फिसला है।

























